Spread the love भारत के पूर्व कप्तान और महान लेग स्पिनर अनिल कुंबले ने श्रेयस अय्यर की जमकर तारीफ की है। कुंबले ने उन्हें IPL इतिहास के सबसे अंडररेटेड लेकिन असाधारण कप्तानों में से एक बताया — साथ ही कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) पर भी तीखा हमला बोला, जिन्होंने इस खिताब जिताने वाले कप्तान को टीम से बाहर कर दिया। 🏏 कुंबले को क्यों पसंद है श्रेयस की कप्तानी? JioStar से बात करते हुए कुंबले ने कहा कि अलग-अलग फ्रेंचाइजी में जाकर सफल होना बेहद मुश्किल काम है। हर टीम का माहौल, मैनेजमेंट और दबाव अलग होता है। कुंबले के शब्दों में: “श्रेयस अय्यर निश्चित रूप से एक अंडररेटेड कप्तान हैं। एक फ्रेंचाइजी के साथ ट्रॉफी जीतकर दूसरी टीम में जाना आसान नहीं होता। वहां अलग मैनेजमेंट, अलग माहौल और अलग टीम होती है। दबाव भी अलग होता है। पंजाब किंग्स पिछले 10 साल से फाइनल नहीं खेली थी और श्रेयस ने अपने पहले ही सीजन में उन्हें फाइनल तक पहुंचा दिया।” कुंबले ने यह भी कहा कि श्रेयस की असली ताकत सिर्फ रणनीति नहीं, बल्कि मैदान पर आगे बढ़कर नेतृत्व करना है। “मैं सिर्फ उनकी कप्तानी से नहीं, बल्कि उनके मैदान पर आगे बढ़कर टीम को लीड करने के तरीके से भी प्रभावित था। कुछ खिलाड़ियों को बार-बार खुद को साबित करना पड़ता है – श्रेयस उन्हीं में से एक हैं। अच्छा प्रदर्शन करने के बाद भी सवाल उठते हैं। मेरे हिसाब से वो अंडररेटेड हैं, लेकिन एक असाधारण लीडर हैं।” 😤 KKR के फैसले पर कुंबले नाराज श्रेयस की तारीफ के साथ-साथ कुंबले ने KKR की रिटेंशन पॉलिसी पर भी सीधा हमला बोला। “दो साल पहले KKR ने IPL जीता और अपना तीसरा खिताब उठाया। उस जीत में श्रेयस अय्यर और फिल साल्ट दो अहम कड़ियां थे। दोनों ने जीत में बड़ा योगदान दिया। लेकिन KKR ने दोनों को जाने दिया। खिलाड़ी रिटेंशन के मामले में उनमें कोई निरंतरता नहीं है।” कुंबले ने आगे कहा कि खिताब जिताने वाले कप्तान को छोड़ना टीम की नींव को कमजोर करता है। “KKR ने श्रेयस अय्यर और फिल साल्ट को जाने देकर गलत फैसला किया। इससे उनके पास IPL जीताने वाला कप्तान नहीं रहा। हां, अजिंक्य रहाणे एक अनुभवी खिलाड़ी हैं। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में मुंबई और IPL में राजस्थान रॉयल्स की कप्तानी की है। लेकिन उन्होंने बतौर कप्तान IPL ट्रॉफी नहीं जीती। जिस कप्तान ने ट्रॉफी जीती हो, उसका होना एक फायदा देता है।” 📌 बड़ी बात क्या है? कुंबले की यह टिप्पणी सिर्फ IPL चर्चा नहीं है यह एक बड़े सवाल की ओर इशारा करती है कि क्या फ्रेंचाइजी अपने विजेता कोर को बनाए रखने में गंभीर हैं? श्रेयस अय्यर ने KKR को तीसरा IPL खिताब दिलाया और फिर पंजाब किंग्स को 10 साल बाद फाइनल में पहुंचाया यह उनकी कप्तानी की असली कहानी है। अब देखना यह होगा कि KKR का यह फैसला आने वाले सीजन में कितना महंगा साबित होता है और श्रेयस अय्यर एक बार फिर अपने आलोचकों को गलत साबित करते हैं या नहीं। Post navigation सोशल मीडिया का युवाओं की मानसिक सेहत पर असर: क्या डिजिटल दुनिया बन रही है नई चुनौती? नेपाल में दर्दनाक हादसा: मनकामना मंदिर से लौट रहे 7 भारतीय तीर्थयात्रियों की मौत, बस 500 फीट गहरी खाई में गिरी